महाराष्ट्र के अकोला में दशहरे के अवसर पर रावण दहन की तैयारियां की गई हैं। शहर के तापडिया नगर में मंगलवार, 20 अक्टूबर 2026 को शाम 7 बजे 51 फीट ऊंचे रावण के पुतले का दहन किया जाएगा। इस कार्यक्रम का आयोजन तापडिया नगर युवाशक्ति नवदुर्गा मंडल की ओर से किया जा रहा है। इस बार रिमोट कंट्रोल के जरिए रावण दहन किया जाना कार्यक्रम का प्रमुख आकर्षण रहेगा।
आयोजन से जुड़ी जानकारी के मुताबिक, रावण दहन का यह कार्यक्रम छत्रपति शिवाजी महाराज क्रीड़ांगण में आयोजित होगा। पूर्व पार्षद सागर शेगोकार की पहल पर होने वाले इस आयोजन में कई नेताओं के शामिल होने की भी संभावना है। तापडिया नगर में रावण दहन की परंपरा करीब 20 वर्षों से जारी रहने की बात कही गई है। इस वजह से यहां का आयोजन स्थानीय स्तर पर विशेष महत्व रखता है।
दशहरे पर रावण दहन को बुराई पर अच्छाई की जीत का प्रतीक माना जाता है। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, भगवान श्रीराम ने इसी दिन लंका के राजा रावण पर विजय प्राप्त की थी। इसी प्रसंग को याद करते हुए देश के अलग-अलग हिस्सों में विजयादशमी के अवसर पर रावण के पुतले जलाए जाते हैं। कई स्थानों पर रामलीला के मंचन के बाद यह आयोजन किया जाता है, जिसमें लोग परिवार और बच्चों के साथ शामिल होते हैं।
अकोला के तापडिया नगर में होने वाले इस कार्यक्रम को लेकर स्थानीय लोगों में भी उत्सुकता रहने की उम्मीद है। 51 फीट ऊंचे पुतले और रिमोट कंट्रोल से होने वाले दहन को देखने के लिए लोग क्रीड़ांगण पहुंच सकते हैं। कार्यक्रम में शामिल होने वाले लोगों को सलाह दी जाती है कि वे समय का ध्यान रखें और आयोजन स्थल पर स्थानीय प्रशासन तथा आयोजकों के सुरक्षा संबंधी निर्देशों का पालन करें।
फिलहाल, आयोजकों की ओर से उपलब्ध जानकारी के अनुसार रावण दहन का निर्धारित समय शाम 7 बजे है। कार्यक्रम में शामिल होने की योजना बना रहे लोगों को निकलने से पहले स्थानीय स्तर पर समय और आयोजन स्थल से जुड़ी ताजा जानकारी की पुष्टि कर लेनी चाहिए।
