झारखंड के कोडरमा जिले के झुमरी तिलैया थाना क्षेत्र में दुकानों को निशाना बनाकर चोरी करने की घटनाएं सामने आई हैं। चोरों ने रात के अंधेरे में करकट और टीन की छत काटकर दुकानों के अंदर प्रवेश किया और नकदी समेत सामान लेकर फरार हो गए। एक ही रात में दो दुकानों में चोरी की इन घटनाओं से स्थानीय कारोबारियों की चिंता बढ़ गई है। दुकानदारों का कहना है कि लगातार हो रही वारदातों के कारण अब रात में अपनी दुकानों की सुरक्षा को लेकर आशंका बनी रहती है।
जानकारी के मुताबिक, चोरी की एक घटना गझंडी रोड स्थित चंदा फ्लोर मिल के पास वजीर महतो चौक पर हुई। यहां गुमो बरवाडीह निवासी मुकेश वर्मा पिछले करीब 10 वर्षों से किराना दुकान चलाते हैं। चोरों ने दुकान की करकट की छत काटकर अंदर प्रवेश किया। इसके बाद गल्ले को तोड़कर उसमें रखी नकदी निकाल ली। दुकान में मौजूद राशन सामग्री, अंडे और अन्य सामान भी चोरी कर लिया गया। दुकानदार के अनुसार, नकदी और चोरी गए सामान को मिलाकर करीब 30 हजार रुपये का नुकसान हुआ है।
दूसरी घटना माहतोआरा-गझंडी रोड पर तुलसीयान फैक्ट्री के पास स्थित कृष्णा मिष्ठान भंडार में सामने आई है। दुकान के संचालक राजू प्रसाद वर्मा हैं। यहां भी चोर टीन की छत काटकर दुकान के भीतर घुसे और नकदी तथा अन्य सामान लेकर फरार हो गए। इस दुकान से चोरी गए सामान और नकदी की कुल कीमत का स्पष्ट आकलन सामने नहीं आया है। दोनों घटनाओं में छत काटकर अंदर घुसने का तरीका सामने आने से दुकानदारों के बीच सुरक्षा को लेकर चिंता बढ़ गई है।
स्थानीय लोगों के मुताबिक, पिछले एक सप्ताह के भीतर दुकानों में छत और करकट काटकर चोरी की यह तीसरी घटना बताई जा रही है। लगातार सामने आ रही ऐसी वारदातों ने बाजार क्षेत्र के कारोबारियों की परेशानी बढ़ा दी है। दुकानदारों को आशंका है कि रात के समय पर्याप्त निगरानी नहीं होने का फायदा उठाकर चोर आसानी से दुकानों को निशाना बना रहे हैं। हालांकि, चोरी की घटनाओं के पीछे कौन लोग शामिल हैं और उन्होंने वारदात को किस समय अंजाम दिया, इसकी पुष्टि जांच के बाद ही हो सकेगी।
घटनाओं के बाद स्थानीय दुकानदारों ने पुलिस प्रशासन से रात के समय गश्ती बढ़ाने और बाजार क्षेत्र की सुरक्षा व्यवस्था मजबूत करने की मांग की है। कारोबारियों का कहना है कि दुकानें उनकी आजीविका का प्रमुख साधन हैं। ऐसे में बार-बार चोरी होने से उन्हें आर्थिक नुकसान के साथ-साथ सामान और प्रतिष्ठान की सुरक्षा को लेकर भी परेशानियों का सामना करना पड़ता है।
चोरी की इन घटनाओं में कितनी नकदी और कितना सामान गया, इसका पूरा हिसाब अभी सामने नहीं आया है। एक किराना दुकानदार ने करीब 30 हजार रुपये के नुकसान का अनुमान लगाया है, जबकि दूसरी दुकान में हुए नुकसान का आकलन स्पष्ट नहीं है। चोरों की पहचान, गिरफ्तारी और चोरी गए सामान की बरामदगी को लेकर भी फिलहाल कोई पुष्ट जानकारी सामने नहीं आई है। ऐसे में इलाके के कारोबारियों की निगाहें पुलिस की कार्रवाई पर टिकी हैं।
लगातार हो रही चोरी की घटनाओं को देखते हुए रात की गश्ती, संवेदनशील स्थानों की निगरानी और संदिग्ध गतिविधियों पर नजर रखना महत्वपूर्ण है। स्थानीय दुकानदारों को उम्मीद है कि पुलिस मामले की जांच कर चोरों तक पहुंचेगी और भविष्य में इस तरह की वारदातों पर अंकुश लगाने के लिए जरूरी कदम उठाएगी।
